Ambati Rayudu with CSK batting coach Mike Hussey during practice session (pic source: @CSK instagram)

IPL 2020 के आगाज मैच में चेन्नई सुपर किंग्स ने मुंबई इंडियंस को हरा दिया था. चेन्नई की इस जीत के नायक दाएं हाथ के बल्लेबाज अंबाती रायुडू थे. रायुडू ने 71 रन की तूफानी पारी खेलकर सीएसके को जीत दिलाई और एक बार फिर से वे सुर्खियों में आ गए. आइपीएल के पहले मैच की परफॉर्मेंस के बाद फिर से सवाल खड़े हो गए कि उनको भारतीय टीम से बाहर क्यों किया गया और क्यों उनको वर्ल्ड कप 2019 में मौका नहीं मिला.

रायुडु के दम पर सीएसके ने जीता पहला मैच

चेन्नई के लिए नंबर 4 पर बल्लेबाजी करते हुए अंबाती रायुडू ने फाफ डुप्लेसी के साथ मिलकर शतकीय साझेदारी की. इससे पहले टीम को दो विकेट जल्दी गिर गए. अंबाती रायुडू की पारी के दम पर सीएसके की जीत की नींव रखी गई, जिसको फाफ डुप्लेसिस और सैम कुर्रन ने अंजाम तक पहुंचाया.

जडेजा ने उठाए टीम मैनेजमेंट और कप्तान कोहली पर सवाल

पूर्व क्रिकेटर और मौजूदा क्रिकेट एक्सपर्ट अजय जडेजा ने क्रिकेट वेबसाइट के एक शो में कहा, “अंबाती रायुडू को पहले नंबर 4 से हटाया गया था. उसके बाद इस नंबर के लिए नए बल्लेबाज की तलाश शुरू हुई थी. रायुडू की वनडे में 50 का औसत है. अच्छे-अच्छे खिलाड़ियों का इतना औसत नहीं है. वैसे भी जब भी टीम का कप्तान बदलता है तो वो खिलाड़ी हमेशा टीम से बाहर होते हैं जो जी-हुजूरी नहीं करते. मुझे लगता है ये वही खिलाड़ी हैं.”

विजय शंकर को मिला था WC-19 में मौका

वर्ल्ड कप 2019 में अंबाती रायुडू की जगह विजय शंकर को टीम में चुना गया था. जिसको लेकर टीम के मुख्य चयनकर्ता एमएसके प्रसाद ने तर्क दिया था विजय शंकर थ्री डी(थ्री डाइमेंशनल) प्लेयर हैं. टीम में जगह ना मिलने पर अंबाती रायुडू ने संन्यास का ऐलान कर दिया था. लेकिन बाद में कुछ लोगों के समझाने पर उन्होंने संन्यास का फैसला वापस लिया था.